
वक़्त कब थम जाता है पता चलता है कभी?
वक़्त थमते देखा है कभी?
इस भाग दौड़ वाली दनिया में शान्ति फिर कैसी होती है, महसूस किया है क्या कभी?
कभी उस रेलवे की बंद क्रासिंग पे रुको तो महसूस कर लेना ये सब...
रोज़मर्रा की ज़िन्दगी की भाग दौड़ का ठहराव है यह सब...
एक अनजानी दौड़ का अल्पविराम, कुछ देर सुस्ताने का इशारा...
वो रेलवे की बंद क्रासिंग जो कुछ देर के लिए ही सही मगर उस शोर से निजाद दिलाती है जिसे आम ज़िन्दगी का हिस्सा मान चुके है |

![The Writer's Bloom by [Neha Katyal]](https://images-eu.ssl-images-amazon.com/images/I/512b-wI4tWL.jpg)

